Dosti friendship shayari
कितनी
छोटी सी दुनिया है
मेरी,
एक मै हूँ और
एक दोस्ती तेरी….....!!!
तुम
जुआरी बड़े ही माहिर
हो,
एक दिल का पत्ता
फेक कर जिदंगी खरीद
लेते हो......!!!
दावे
मोहब्बत के मुझे नहीं
आते यारो,
एक जान है जब
दिल चाहे मांग लेना......!!!
तू मेरे दिल पे
हाथ रख के तो
देख,
मैं
तेरे हाथ पे दिल
ना रख दूँ तो
कहना.......!!!
तुझमे
और मुझमे फर्क है सिर्फ
इतना,
तेरा
कुछ कुछ हूँ मैँ,
और मेरा सब कुछ
है तू…..!!!
शहंशाही
नहीं ईसानियत अदा कर मेरे
मौला,
मुझे
लोगो पर नहीं दिलो
पर राज करना है…......!!!
नाम
छोटा है मगर दील
बडा रखता हु,
पैसो
से इतना अमीर नही,
मगर
अपने यारो के गम
खरीदने की औकात रखता
हु…!!!
वो दोस्त मेरी नजर में
बहुत माएने रखते है,
वक़्त
आने पर सामने जो
मेरे आइने रखते है…..!!!
वक्त
की यारी तो हर
कोई करता है मेरे
दोस्त,
मजा
तो तब है जब
वक्त बदल जाये पर
यार ना बदले…...!!!
जल जाते हैं मेरे
अंदाज़ से मेरे दुश्मन,
क्यूंकि
एक मुद्दत से मैंने,
न मोहब्बत बदली और न
दोस्त बदले ......!!!
लोग
कहते हैं कि तुम्हारी
आसतिन मे साँप है,
मगर
क्या करें हमारा वजूद
ही चंदन का है..........!!!
मेरी
दोस्ती का फायदा उठा
लेना,
क्युंकी…मेरी दुश्मनी का
नुकसान सह नही पाओगे…...!!!
हमने
अपने नसिब से ज्यादा
अपने दोस्तो पर भरोसा रखा
है,
क्यु
की नसिब तो बहोत
बार बदला है, लैकिन
मेरे दोस्त अभी भी वहि
है.......!!!
मुझे
किस तरफ जाना है
कोई खबर नहीं.... ए-दोस्तों,
मेरे
रस्ते खो गए….. मेरी
मोहोब्बत की तरह.......!!!
दिलों
में खोट है ज़ुबां
से प्यार करते हैं,
बहुत
से लोग दुनिया में
यही व्यापार करते हैं…...!!!
क़ाश
कोई ऐसा हो, जो
गले लगा कर कहे,
तेरे
दर्द से, मुझे भी
तकलीफ होती है...........!!!
मुझको
मेरे अकेलेपन से अब शिकायत
नहीं है,
मै पत्थर हूं मुझे खुद
से भी मुहब्बत नहीं
है........!!!
मेरी
मौत पे किसी को
अफ़सोस हो न हो,
ऐ दोस्त...पर तन्हाई रोएगी
कि मेरा हमसफर चला
गया.....!!!
ए दोस्त !!
कौन
कहता है की मुझ
में कोई कमाल रखा
है,
मुझे
तो बस कुछ दोस्तो
ने संभाल रक्खा है……...!!!
वो शख्स फिर से
मुझे तोड़ गया आज,
जिसे
कभी हम पूरी दुनिया
कहा करते थे…..!!!
याद
नहीं वो रूठा था
या मैं रूठा था,
साथ
हमारा जरा सी बात
पे छूटा था….!!!
वक़्त
के साथ ढल गया
हूँ मैं,
बस ज़रा-सा बदल
गया हूँ मैं.......!!!
चीजों
की कीमत मिलने से
पहले होती है,
और इंसानों की कीमत खोने
के बाद…...!!!
मैंने
उस शख्स को कभी
हासिल ही नहीं किया,
फिर
भी हर लम्हा लगता
है कि मैंने उसे
खो दिया…..!!!
नहीं
चाहिए वो सब जो
मेरी किस्मत में नहीं,
भीख
मांग कर जीना मेरी
फितरत में नहीं.......!!!
जब सब तेरी मरजी
से होता है,
तो ऐ खुदा, ये
बन्दा गुनाहगार केसे हो गया…....!!!
अजब
दस्तूर है ज़माने का,
लोग
यहाँ पूरी इमानदारी से
अपना ईमान बेचते हैं.....!!!
तू हर जगह खबसुरती
तलाश न कर,
हर अच्छी चीज मेरे जैसी
नहीं होती.......!!!
हम मतलबी नहीं की चाहने
वालो को धोखा दे,
बस हमें समझना हर
किसी की बसकी बात
नही........!!!
झुक
के जो आप से
मिलता होगा,
उस का क़द आप
से ऊँचा होगा….....!!!
वो अच्छा है तो अच्छा
है, वो बुरा है
तो भी अच्छा है,
दोस्ती
के मिजाज़ में, यारों के
ऐब नहीं देखे जाते.........!!!
क्यों
गरीब समझते हैं हमें ये
जहां वाले,
हजारों
दर्द की दौलत से
मालामाल हैं हम…...!!!
अब ढूढ़ रहे है,
वो मुझ को भूल
जाने के तरीके,
खफा
हो कर उसकी मुश्किलें
आसन कर दी मेने.......!!!
मैने
फल देख के इन्सानों
को पहचाना है,
जो बहुत मीठे हों
अंदर से सड़े रहते
हैं.........!!!
झूठ
बोलने का रियाज़ करता
हूँ..... सुबह और शाम
मैं,
सच बोलने की अदा ने
हमसे, कई अजीज़ 'यार'
छीन लिये....….!!!
लिखने
ही लगा था, की
खुश हूँ तेरे बगैर,
आँसू,
कलम उठाने से पहले ही
गिर गए…....!!!
तेरी
वफ़ा के तकाजे बदल
गये वरना,
मुझे
तो आज भी तुझसे
अजीज कोई नहीं…..!!!
मुझको
धुंड लेता है रोज
किसी बहानोंसे,
दर्द
हो गया है वाक़िफ़
मेरे ठीकानोंसे..........!!!
अगर
प्यार है तो शक़
कैसा,
अगर
नहीं है तो हक़
कैसा......!!!
बहुत
महसूस होता है,
तेरा
महसूस ना करना......!!!
सोचते
है, अब हम भी
सीख ले यारों बेरुखी
करना,
सबको
मोहब्बत देते-देते, हमने
अपनी कदर खो दी
है......!!!
एक ही शख्स था
मेरे मतलब का दोस्तों
वो शख्स भी मतलबी
निकला…!!!
झुठ
बोलकर तो मैं भी
दरिया पार कर जाता,
मगर
डूबो दिया मुझे सच
बोलने की आदत ने.......!!!
तुझे
हर बात पे मेरी
जरूरत पड़ती,
काश
मैं भी कोई झूठ
होता……!!!
जो लोग दिल के
अच्छे होते है,
दिमाग
वाले अक्सर उनका जम कर
फायदा उठाते है......!!!
मुझे
रिश्तो की लम्बी कतारो
से मतलब नही,
ऐ दोस्त...कोई दिल से
हो मेरा तो बस
इक शक्स ही काफी
है….!!!
ये वक़्त बेवक़्त मेरे ख्यालों में
आने की आदत छोड़
दो तुम,
कसूर
तुम्हारा होता है और
लोग मुझे आवारा समझते
हैं.......!!!
थक गया हूँ मै
खुद को साबित करते
करते... दोस्तों,
मेरे
तरीके गलत हो सकते
हैं... लेकिन इरादे नहीं….....!!!
जिसे
मौका मिलता है पीता जरुर
है....दोस्त,
जाने
क्या मिठास है गरीब के
खून में.........!!!
क्या
खूब मेरे क़त्ल का
तरीका तूने इजाद किया,
मर जाऊं हिचकियों से,
इस कदर तूने याद
किया…..!!
जब लगा था तीर
तब इतना दर्द न
हुआ,
ज़ख्म
का एहसास तब हुआ जब
कमान देखी अपनों के
हाथ में….!!!
कितना
कुछ जानता होगा वो सख्श
मेरे बारे में,
मेरे
मुस्कुराने पर भी जिसने
पूछ लिया कि तुम
उदास क्यूँ हो......!!!
अमीर
होता तो बाज़ार से
खरीद लाता नकली,
गरीब
हूँ इसलीये दील असली दे
रहा हु….!!!
तुम
शराफ़त को बाज़ार में
क्यूँ ले आए हो,
दोस्त....ये सिक्का तो
बरसों से नहीं चलता…!!!
जो भी आता है
एक नयी चोट दे
के चला जाता है
ए दोस्त,
मै मज़बूत बहोत हु लेकिन
कोई पत्थर तो नहीं…...!!!
मैंने
मुल्कों की तरह, लोगों
के दिल जीते हैं,
ये हुकूमत किसी, तलवार की मोहताज नही….!!!
अंधेरे
मे रास्ता बनाना मुश्किल होता है,
तूफान
मे दीपक जलना मुश्किल
होता है,
दोस्ती
करना गुनाह नही,
इसे
आखिरी सांस तक निभाना
मुश्किल होता है.....!!!
लोग
कहते हैं की इतनी
दोस्ती मत करो,
के दोस्त दिल पर सवार
हो जाए,
में
कहता हूँ दोस्ती इतनी
करो के,
दुश्मन
को भी तुम से
प्यार हो जाए….!!!
हम वो नहीं जो
दिल तोड़ देंगे,
थाम
कर हाथ साथ छोड़
देंगे,
हम दोस्ती करते हैं पानी
और मछली की तरह,
जुदा
करना चाहे कोई तो
हम दम तोड़ देंगे…....!!!
वो दिल ही क्या
जो वफ़ा ना करे,
तुझे
भूल कर जिएं कभी
खुदा ना करे,
रहेगी
तेरी दोस्ती मेरी जिंदगी बन
कर,
वो बात और है,
अगर जिंदगी वफ़ा ना करे.......!!!
नब्ज़
मेरी देखी और… बीमार
लिख दिया,
रोग
मेरा उसने… दोस्तों का प्यार लिख
दिया,
क़र्ज़दार
रहेंगे उम्र भर हम
उस हकीम के,
जिसने
दवा में दोस्तों का
साथ लिख दिया........!!!
रहे
सलामत जिंदगी उनकी, जो मेरी खुशी
की फरियाद करते है,
ऐ खुदा उनकी जिंदगी
खुशियों से भरदे,
जो मुझे याद करने
में अपना एक पल
बर्बाद करते है…...!!!
युं
खामखा न करो रंगों
को मुजपे बरबाद दोस्तो,
हम तो पहले से
ही रंगे हुऐ है
इश्क में…..!!!
यादों
में तुम, ख्वाबों में
तुम,
आँखों
में तुम, दिल में
तुम,
याद
करें भी तो कैसे
करें दोस्त तुझको,
जिसे
भुला ना पायें वो
ही शक्स हो तुम…..!!!
खुदा
ने कहा दोस्ती न
कर, दोस्तो की भीड मेँ
तू खो जाएगा
मैने
कहा कभी जमीन पर
आकर मेरे दोस्तो से
तो मिल,
तू भी उपर जाना
भूल जाएगा........!!!
आरज़ू
होनी चाहिए किसी को याद
करने की,
लम्हें
तो अपने आप ही
मिल जाते हैं…...!!!
रोज़
रोते हुए कहती है
ये ज़िंदगी मुझसे,
सिर्फ
एक शख्स कि खातिर
मुझे बर्बाद मत कर…..!!!
कभी
मिल सको तो इन
पंछियो की तरह बेवजह
मिलना ए दोस्त,
वजह
से मिलने वाले तो न
जाने हर रोज़ कितने
मिलते है…....!!!
गुज़र
गया वो वक़्त जब
तेरी हसरत थी मुझको,
अब तू खुदा भी
बन जाए तो भी
तेरा सजदा ना करूँ…..!!!
ज़ख़्म
जब मेरे सीने के
भर जायेंगे,
आँसू
भी मोती बनकर बिखर
जायेंगे,
ये मत पूछना किस
किस ने धोखा दिया,
वरना
कुछ अपनो के चेहरे
उतर जाएँगे.........!!!
दोस्ती
तो एक झोका हैं
हवा का,
दोस्ती
तो एक नाम हैं
वफ़ा का,
औरो
के लिए चाहे कुछ
भी हो,
हमारे
लिए तो दोस्ती हसीन
तोफा हैं खुदा का....!!!
दोस्त
ने दोस्त को, दोस्त के
लिए रुला दिया,
क्या
हुआ जो किसी के
लिए उसने हूमें भुला
दिया,
हम तो वैसे भी
अकेले थे अच्छा हुआ
जो उसने हमे एहसास
तो दिला दिया.....!!!
दोस्तों
की कमी को पहचानते
हैं हम,
दुनिया
के गमो को भी
जानते हैं हम,
आप जैसे दोस्तों का
सहारा है,
तभी
तो आज भी हँसकर
जीना जानते हैं हम......!!!
मोहब्बत
उसे भी बहुत है
मुझस,
जिंदगी
सारी इस वहम ने
ले ली…....!!!
बादशाह
तो में कहीं का
भी बन सकता हूँ,
पर तेरे दिल की
नगरी में हुकूमत करने
का मज़ा ही कुछ
अलग है.....!!!
बुला
कर तुम ने महफ़िल
में हमें ग़ैरों से
उठवाया,
हमीं
ख़ुद उठ गए होते
इशारा कर दिया होता….....!!!
दोड़ती
भागती दुनिया का यही तौफा
है,
खूब
लुटाते रहे अपनापन फिर
भी लोग खफ़ा है.......!!!
जाते
वक़त उसने बड़े गुरुर
से कहा था,
तुझ
जेसे लाखो मिलेगे,
मैंने
मुस्कराकर पूछा, मुझ जेसे कि
तलाश ही क्यों....!!!
बुलबुल
बैठा पेड पर मैने
सोचा तोता है,
यारा
तेरे प्यार मे दिल ये
मेरा रोता है.......!!!
उस शख्स को पाना
इतना मुश्किल भी नही मेरे
दोस्त,
मगर
जब तक दूरी न
हो मुहब्बत का मजा नही
आता......!!!
काटो
के बदले फूल क्या
दोगे,
आँसू
के बदले खुशी क्या
दोगे,
हम चाहते है आप से
उमर भर की दोस्ती,
हमारे
इस शायरी का जवाब क्या
दोगे........!!!
इक उम्र गुज़ार दी
हमने, रिश्तों का मतलब समझने
में,
लोग
मसरूफ हैं…..मतलब के रिश्ते
बनाने में.......!!!
आपने
अपनी आंखो में नूर
छुपा रखा है,
होश
वालों को दीवाना बना
रखा है,
नाज
कैसे ना करूं आपकी
दोस्ती पर,
मुझ
जैसे नाचीज को 'खास' बना
रखा है........!!!
तेरे
चेहरे को कभी भुला
नहीं सकता,
तेरी
यादों को भी दबा
नहीं सकता,
आखिर
में मेरी जान चली
जायेगी,
मगर
दिल में किसी और
को बसा नहीं सकता........!!!
मेरे
लफ़्ज़ों से न कर
मेरे क़िरदार का फ़ैसला,
तेरा
वज़ूद मिट जायेगा मेरी
हकीक़त ढूंढ़ते ढूंढ़ते.......!!!
दुआ
करते है आपको किसी
बात का गम ना
हो,
आपकी
आँखे किसी बात पर
कभी नम ना हो,
हर रोज मिले आपको
एक नया दोस्त,
पर…किसी में हमारी
जगह लेने का दम
ना हो…..!!!
रोक
कर बैठे हैं कई
समंदर आँखों में,
दगाबाज़
हो सावन तो क्या,
हम खुद ही बरस
लेंगे…!!!
एक तेरे बगैर ही
ना गुज़रेगी ये जिंदगी,
बता
मैँ क्या करूँ सारे
ज़माने की मोहब्बत लेकर.....!!!
उस्ताद
ए इश्क सच कहा
तूने,
बहुत
नालायक हूँ मै,
मुद्दत
से इक शख्स को
अपना बनाना नही आया.....!!!
हर बार मिली है
मुझे अनजानी सी सज़ा,
मैं
कैसे पूछूं तकदीर से मेरा कसूर
क्या है......!!!
इतने
जालिम न बनो कुछ
तो दया सीखो,
तुम
पे मरते हैं तो
क्या मार ही डालोगे.......!!!
शीशे
में डूब कर पीते
रहे उस 'जाम' को,
कोशिशें
तो बहुत की मगर,
भुला
न पाए एक 'नाम'
को.......!!!
हम रखते है ताल्लुक
तो निभाते है जिंदगी भर,
हम से बदले नहीं
जाते रिश्ते, लिबासो की तरह......!!!
मुफ्त
मे अहसान न लेना यारों,
दिल
अभी ओर भी सस्ते
होंगे बाज़ार में…..!!!
तु भी समज जाओगे
अंजामे मोहब्बत ऐ दोस्त,
मौत
किस्तो मे जब आती
है तो बहुत दर्द
होता है…..!!!
मुझे
लिख कर कही महफूज़
कर लो दोस्तो,
आपकी
यादाश्त से निकलता जा
रहा हूँ में.....!!!
जंगल
मे जब शेर चैन
की निन्द सोता है,
तो कुतो को गलतफहमी
हो जाती है,
के इस जंगल मे
अपना राज है…..!!!
निकले
थे कुछ अच्छा करने,
पर बदनाम हो गए,
अब अफसोस क्या करना जब
सरेआम हो गये…...!!!
हैसियत
की बात ना कर
दोस्त,
तेरी
जेब से बड़ा मेरा
दिल है......!!!
कभी
किसी की मोहब्बत को
मत परखना मेरे दोस्त,
क्योकि..किसी गरीब कपड़ो
के अन्दर,
एक अमीर दिल मौजूद
हो सकता है.....!!!
बस इन्सान ही है जो
किसी से मिलता जुलता
नहीं,
वरना
ज़माना तो भरपूर मिलावट
का चल रहा है…….!!!
याद
तो अब भी है
तेरी, दिल में,
पर वो रास्ता, वो
मंजिले खत्म हो गयी.....!!!
हमने
तो इससे कही ज्यादा
सहा है जिंदगी में,
आपका
हमसे मुहँ मोड़ जाना
कोई बड़ी बात नही....!!!
तेरे
गुस्से पर भी आज
हमें प्यार आया है,
चलो
कोई तो है.. जिसने
इतने हक से, हमें
धमकाया है....!!!
नजर
अंदाज करने कि कुछ
तो वजह बताई होती,
अब में कहाँ कहाँ
खुद में बुराई ढूँढू
….!!!
जब गिला शिकवा अपनों
से हो तो ख़ामोशी
भली,
अब हर बात पर
जंग हो जरूरी तो
नहीं…..!!!
तुम्हे
हक़ है अपनी ज़िन्दगी
जैसे चाहे जियो तुम,
बस जरा एक पल
के लिए सोचना तुम
मेरी ज़िन्दगी हो…...!!!
ऐसा
नहीं कि शख्स अच्छा
नहीं था वो,
जैसा
मेरे ख्याल में था बस
वैसा नहीं था वो……!!!
हिचकियों
को न भेजो अपना
मुखबिर बना के,
हमें
और भी काम हैं
तुम्हें याद करने के
सिवा.....!!!
जुर्म
गर मैंने किया है तो
बताया जाए,
ऐसे
चुप चाप न सूली
पे चढाया जाए......!!!
तुम्हारा
आना एक ख़्याल था,
जाना
भी एक सपने जैसा
है…...!!!
ज़रा
शिद्दत से चाहो तभी
होगी आरज़ू पूरी,
हम वो नहीं जो
तुम्हे खैरात में मिल जायेंगे.....!!!
दिलों
से खेलना हमे भी आता
है,
पर जीस खेल में
खिलौना टूट जाये,
वो खेल हमे पसंद
नही.....!!!
फर्क
है दोस्ती और मोहोब्बत मे,
बरसो
बाद मिलने पर दोस्ती सीने
से लगा लेती है,
और मोहब्बत नज़र चुरा लेती
है….!!!
खुद
ही रोये और रोकर
चुप हो गऐ,
बस यही सोच कर
कि आज कोई अपना
होता तो रोने नही
देता.....!!!
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